" श्री बिहारी जी मंदिर "
यह मंदिर गांव सेंनवा के गुलाल थोक में स्थित है | यहां के महंत श्री चन्नी बाबा पुजारी जी हैं| ऐसा सुना गया है कि गांव सैनवा का यह सबसे प्राचीन मंदिर है |जिस समय हमारे गांव सैनवा बसा उससे भी पूर्व यह मंदिर यहां स्थित था | विशेष महत्त्व श्री बिहारी जी सरकार का है कि श्री बांके बिहारी सरकार जो वृंदावन में विराजमान है उन्हीं का साक्षात् स्वरूप ग्राम सैनवा में भी था |
परंतु बहुत पुरानी बात है | एक बार गांव सैनवा में कुछ चोर आये श्री बिहारी जी सरकार की श्री विग्रह को चुरा कर के ले गए थे | तब बिहारी जी मंदिर पर पुनः जयपुर से दूसरी बिहारी जी की मूर्ति लाकर प्राण प्रतिष्ठा एवं प्रसाद वितरण हुआ | श्री बिहारी जी सरकार के मंदिर के निकट ही सुंदर वृक्षा वाली है मंदिर के निकट एक सुंदर तालाब बना हुआ है जिसमें गांव के अनेकों पशु पक्षी आकर के जलपान करते हैं
श्री श्याम कुंड तालाब : जब भगवान श्री कृष्ण अपने अनन्य भक्तों के साथ गौ चारण करने के लिए आए तो भगवान के जो सखा थे उनको प्यास लगी तो भगवान ने अपनी मुरली के द्वारा एक गड्ढा खोदा उस गड्ढे से समस्त वालों वालों ने पानी पिया उस गड्डी की महिमा यह है हमारे बुजुर्ग लोग बताते हैं | के अमावस के दिन भादो के महीने में श्याम कुंड से दूध की धार निकलती है बुजुर्गों ने देखा भी है |अब अब कुंड का विस्तार हो चुका है अब कुंड लगभग 8 -10 बीघा के क्षेत्रफल में बना हुआ है|